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खुरूषलेंगा में टेलर वाहन ने वृद्धा को कुचला -शासन-प्रशासन की लापरवाही ने एक और बृद्ध की छिन  लिए पैर

 

लक्ष्य न्यूज़ अशोक सारथी,  धौंराभांठा:- जिले के तमनार ब्लॉक के ग्राम पंचायत खुरूषलेंगा रोड पर आज दोपहर लगभग 12 बजे एक हृदय विदारक सड़क हादसा घटित हुआ, जिसने पूरे क्षेत्र को झकझोर कर रख दिया। तेज रफ्तार कोयला लोड टेलर वाहन (क्रमांक OD16-L4421) ने 75 वर्षीय वृद्धा श्रीमती निराशी गुप्ता, पति स्व. परशुराम गुप्ता निवासी खुरूषलेंगा को बेरहमी से अपनी चपेट में ले लिया।

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, वृद्धा रोज की तरह सड़क किनारे स्थित पानी टंकी पर स्नान कर घर लौट रही थीं, तभी सामने से तेज रफ्तार में आ रहे टेलर ने उन्हें ठोकर मार दी। हादसा इतना भयानक था कि वाहन का पिछला चक्का वृद्धा के पैर पर चढ़ गया, जिससे उनका पैर पूरी तरह चकनाचूर हो गया।

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स्थानीय ग्रामीणों ने तत्परता दिखाते हुए तुरंत 112 डायल कर घायल महिला को रायगढ़ जिला चिकित्सालय भेजवाया और पुलिस को सूचना दी। तमनार पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है।

घटना के बाद खुरूषलेंगा के ग्रामीणों ने एक जूट हो कर रोड़ पर चक्का जाम कर दिया है। शासन प्रशासन से न्याय की मांग कर रहे हैं। वहीं घटना कारित टेलर वाहन के चालक को भी मौके पर पकड़ लिया गया है।

सड़क सुरक्षा पर उठे गंभीर सवाल.

ग्रामीणों ने बताया कि यह हादसा कोई पहला नहीं है। खुरूषलेंगा से गुजरने वाला यह मुख्य मार्ग कोयला वाहनों का प्रमुख कॉरिडोर बन चुका है। प्रतिदिन हजारों की संख्या में भारी वाहन यहां से गुजरते हैं।

इनमें अधिकांश वाहन ओवरलोडेड होते हैं और चालक लापरवाहीपूर्वक तेज रफ्तार से वाहन चलाते हैं।

ग्रामीणों का कहना है कि उन्होंने कई बार सड़क की खस्ताहाल स्थिति और सुरक्षा उपायों की कमी को लेकर शासन-प्रशासन का ध्यान आकर्षित कराया, लेकिन अब तक किसी प्रकार की ठोस कार्यवाही नहीं की गई।

ग्रामीणों की मांग…इस मार्ग पर स्पीड लिमिट लागू की जाए और उसका कड़ाई से पालन करवाया जाए।

भारी वाहनों की आवाजाही को नियंत्रित करने के लिए टाइम स्लॉट व्यवस्था बनाई जाए।

रोड किनारे सुरक्षा बैरिकेड्स, साइन बोर्ड और चेतावनी संकेत लगाए जाएं।लगातार हादसों के लिए जिम्मेदार अधिकारियों और परिवहन विभाग से उत्तरदायित्व तय किया जाए।

प्रशासन कब जागेगा?.

एक ओर प्रशासन सड़क सुरक्षा सप्ताह मनाकर औपचारिकता निभा रहा है, वहीं दूसरी ओर गांवों की सड़कों पर आम नागरिकों की जान रोज़ दांव पर लगी है।

अब समय आ गया है कि शासन-प्रशासन अपनी कुंभकर्णी नींद से जागे और इस सड़क को होने वाली घटना दूर्घटना एवं मौत के जाल से मुक्त करे।